तत्र शक्तिभेदाद् एव प्रमातॄणां भेदः स च स्फुटीकरणार्थं सकलादिक्रमेण भण्यते तत्र सकलस्य विद्याकले शक्तिः तद्विशेषरूपत्वात् बुद्धिकर्माक्षशक्तीनां प्रलयाकलस्य तु ते एव निर्विषयत्वात् अस्फुटे
Transliteration (IAST)
tatra śaktibhedād eva pramātṝṇāṃ bhedaḥ sa ca sphuṭīkaraṇārthaṃ sakalādikrameṇa bhaṇyate tatra sakalasya vidyākale śaktiḥ tadviśeṣarūpatvāt buddhikarmākṣaśaktīnāṃ pralayākalasya tu te eva nirviṣayatvāt asphuṭe
उसमें शक्ति-भेद से ही प्रमाताओं का भेद है; और वह स्फुटीकरण के लिए सकल आदि क्रम से कहा जाता है। उसमें सकल की शक्ति विद्या एवं कला में (है), क्योंकि उसका विशेष-रूप बुद्धि- एवं कर्म-इन्द्रिय की शक्तियों से बना है; किन्तु प्रलयाकल की वे ही (शक्तियाँ) निर्विषय होने के कारण अस्फुट (अव्यक्त) में (रहती हैं)।