The Vision of Śiva· 4.98 / 124

The Vision of Śiva4.98

4.98
निर्भागत्वात्स्फोटतत्त्वे स्फोटतत्त्वात्मकात्कथम् । आभासरूपवस्तूनां शाब्दिकान्नो भवेद्ग्रहः ॥९८॥
nirbhāgatvātsphoṭatattve sphoṭatattvātmakātkatham | ābhāsarūpavastūnāṃ śābdikānno bhavedgrahaḥ
— निर्भाग (अखण्ड) होने से ; — स्फोट-तत्त्व में ; — स्फोट-तत्त्व-स्वरूप से ; — कैसे ; — आभास-रूप वस्तुओं का ; — शाब्दिक (वैयाकरण के सिद्धान्त) से ; — क्या न होगा ; — ग्रहण

स्फोट-तत्त्व के निर्भाग (अखण्ड) होने से, उस स्फोट-तत्त्व-स्वरूप से (नाना अर्थ) कैसे (निकलें)? (अपितु) आभास-रूप वस्तुओं का ग्रहण क्या उस शाब्दिक (वैयाकरण के सिद्धान्त) से न होगा (जब वह एक चित्-रूप शब्द में आश्रित हो)?