— उल्लेख का; — सुख आदि का; — और; — प्रकाश, प्रकाशन; — बाहर; — (अपने) स्वरूप से; — इच्छा से; — भर्ता (ईश्वर) की; — प्रत्यक्ष (अध्यक्ष) रूप वाला; — इन्द्रिय आदि से उत्पन्न (आभासों) के; — जैसे
और उल्लेख तथा सुख आदि का बाहर अपने स्वरूप में प्रकाशन, भर्ता (ईश्वर) की इच्छा से, प्रत्यक्ष-रूप (अध्यक्ष-स्वरूप) होता है — जैसे इन्द्रिय आदि से उत्पन्न (आभास होते हैं)।