शब्दो ऽपि न मुख्यः को ऽपि वक्ति इति आगच्छन्त्या इव प्रतिश्रुत्कायाः श्रवणात्
Transliteration (IAST)
śabdo 'pi na mukhyaḥ ko 'pi vakti iti āgacchantyā iva pratiśrutkāyāḥ śravaṇāt
शब्द भी मुख्य नहीं है, क्योंकि 'कोई बोल रहा है' इस प्रकार मानो अन्यत्र से आती हुई प्रतिध्वनि सुनाई देती है।