kim tv ālokacayo 'ndhasya sparśo voṣṇādiko mṛduḥ
tatrāsti sādhayet tasya svajñānam aghaṭātmatām
— बल्कि, किन्तु; — प्रकाश का समूह (दृष्टिवान् के लिए); — अन्धे के लिए; — स्पर्श; — अथवा; — उष्ण आदि; — मृदु, कोमल; — वहाँ (भूतल पर); — है (√अस्); — सिद्ध करे (विधि, प्रेरणार्थक, √साध्); — उसका; — उसका अपना ज्ञान; — अघट-स्वरूपता को
बल्कि वहाँ (भूतल पर) प्रकाश का समूह (दृष्टिवान् के लिए), अथवा अन्धे के लिए उष्ण आदि अथवा मृदु स्पर्श विद्यमान है; और उसका अपना ज्ञान केवल उसके अघट-स्वरूप को ही सिद्ध करेगा।