शुभाशुभफलैरेवं मोक्ष्यसे कर्मबन्धनैः ।
संन्यासयोगयुक्तात्मा विमुक्तो मामुपैष्यसि ॥
९-२९ ॥
śubhāśubhaphalairevaṃ mokṣyase karmabandhanaiḥ |
saṃnyāsayogayuktātmā vimukto māmupaiṣyasi ||
9-29 ||
इस प्रकार तू शुभ और अशुभ फल वाले कर्मबन्धनों से मुक्त हो जाएगा; संन्यासयोग से युक्त आत्मा वाला, विमुक्त होकर तू मुझे प्राप्त होगा।