The Essence of the Tantra· 4.41 / 46

The Essence of the Tantra4.41

4.41

एष च अर्थः तत्र तत्र मद्विरचिते विवरणे प्रकरणस्तोत्रादौ वितत्य वीक्ष्यः

Transliteration (IAST)

eṣa ca arthaḥ tatra tatra madviracite vivaraṇe prakaraṇastotrādau vitatya vīkṣyaḥ

— यह अर्थ/विषय ; — मेरे द्वारा विरचित ; — विवरण, प्रकरण, स्तोत्र आदि में ; — विस्तार से देखना चाहिए

और यह अर्थ मेरे द्वारा विरचित विवरण, प्रकरण, स्तोत्र आदि में वहाँ-वहाँ विस्तार से देखना चाहिए।