3.4 शरीरे संहारः कलानाम् ॥४॥ śarīre saṃhāraḥ kalānām sūtra śarīre — शरीर में — (सूक्ष्म तथा स्थूल) शरीर में (नपुं. एकवचन, अधिकरण कारक) ; saṃhāraḥ — संहार — विलय (किया जाए) (पुं. एकवचन) ; kalānām — कलाओं का — कलाओं (सीमित-कारक अंशों) का (स्त्री. बहुवचन, सम्बन्ध कारक) शरीर में (सूक्ष्म तथा स्थूल) कलाओं का संहार (विलय किया जाए)।