The Essence of the Tantra· 21.11 / 13

The Essence of the Tantra21.11

21.11

तह होहि जहुत्तिण पसिद्धिरूढिए परमसिवो

Transliteration (IAST)

taha hohi jahuttiṇa pasiddhirūḍhie paramasivo

— तब, उस प्रकार ; — वह हो जाता है ; — जन-उत्तीर्ण (जनसमूह से परे) ; — प्रसिद्धि की रूढ़ि से (में रूढ़) ; — परम शिव

वह उसी प्रकार प्रसिद्धि की रूढ़ि से जन-उत्तीर्ण (जनसमूह से परे) परम शिव हो जाता है।