परतत्त्वे तु न किञ्चित् अपास्यम् इति उक्तम्
Transliteration (IAST)
paratattve tu na kiñcit apāsyam iti uktam
किन्तु परम तत्त्व में कुछ भी अपास्य (त्याज्य) नहीं है — ऐसा कहा गया।
परतत्त्वे तु न किञ्चित् अपास्यम् इति उक्तम्
paratattve tu na kiñcit apāsyam iti uktam
किन्तु परम तत्त्व में कुछ भी अपास्य (त्याज्य) नहीं है — ऐसा कहा गया।