3.25 शिवतुल्यो जायते ॥२५॥ śiva-tulyo jāyate sūtra śiva-tulyaḥ — शिव-तुल्य — शिव के समान (पुं. एकवचन, तत्पुरुष समास) ; jāyate — जायते — हो जाता है (वर्तमान काल, प्रथम पुरुष, एकवचन, आत्मनेपद) (ऐसा योगी) शिव-तुल्य (शिव के समान) हो जाता है।